महोबा
महोबा में 30 सितंबर तक प्रमुख हाईवे गड्ढामुक्त करने की डेडलाइन, 360 किमी सड़क सुधारने का लक्ष्य
महोबा जिले में आने वाले त्योहारों को देखते हुए जिला प्रशासन ने खराब सड़कों की मरम्मत तेज कर दी है। जिलाधिकारी गजल भारद्वाज ने प्रमुख हाईवे को 30 सितंबर तक गड्ढामुक्त करने के निर्देश दिए हैं।
बुंदेलखंड खबर डेस्क • महोबा •
मुख्य बातें
- जिलाधिकारी गजल भारद्वाज ने कबरई-महोबा-कानपुर मार्ग को 30 सितंबर तक गड्ढामुक्त करने की समयसीमा तय की है।
- जिले में कुल 360 किलोमीटर लंबी सड़कों को गड्ढामुक्त करने और 205 किलोमीटर मार्गों की मरम्मत का लक्ष्य है।
- कलेक्ट्रेट सभागार में हुई बैठक में लोक निर्माण विभाग, एनएचएआई और नगर निकायों के अधिकारी मौजूद रहे।
महोबा में आने वाले त्योहारों को देखते हुए जिला प्रशासन ने खराब सड़कों की मरम्मत तेज करने के निर्देश दिए हैं। जिलाधिकारी गजल भारद्वाज ने जिले की सभी खराब सड़कों को एक महीने के अंदर गड्ढामुक्त करने को कहा है। उन्होंने कबरई-महोबा-कानपुर, महोबा-बांदा और महोबा-झांसी मार्गों को 30 सितंबर तक गड्ढामुक्त करने की समयसीमा तय की है। डीएम ने स्पष्ट किया कि काम में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
बरसात खत्म होने के बाद जिला प्रशासन ने सड़कों को दुरुस्त कराने की तैयारी तेज कर दी है। कलेक्ट्रेट सभागार में डीएम गजल भारद्वाज की अध्यक्षता में हुई बैठक में जिले की खराब और टूटी सड़कों की मरम्मत पर चर्चा की गई। डीएम ने संबंधित निर्माण एजेंसियों के अधिकारियों को निर्देश दिए कि गड्ढामुक्ति का काम तत्काल शुरू कर एक महीने के भीतर पूरा किया जाए।
बैठक में कबरई-महोबा-कानपुर, महोबा-बांदा और महोबा-झांसी जैसे प्रमुख राष्ट्रीय राजमार्गों को 30 सितंबर तक गड्ढामुक्त करने का लक्ष्य तय किया गया। इसका उद्देश्य आवागमन को सुगम बनाना और त्योहारों के दौरान लोगों को सड़क संबंधी परेशानियों से बचाना है। बैठक में कार्यकारी इंजीनियर ने बताया कि जिले में कुल 360 किलोमीटर लंबी सड़कों को गड्ढामुक्त करने और 205 किलोमीटर मार्गों की मरम्मत का लक्ष्य रखा गया है। इस बैठक में लोक निर्माण विभाग, एनएचएआई और नगर निकायों समेत संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
सड़कें खराब होने और उनमें गड्ढे होने से आम आदमी, यात्रियों और वाहन चालकों को रोजाना भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। खासकर त्योहारों के समय आवागमन बढ़ने से दुर्घटनाओं का खतरा भी बढ़ जाता है। इन सड़कों के सुधरने से आम जनता को सफर में राहत मिलेगी और समय की बचत होगी।
प्रशासन द्वारा तय की गई समयसीमा के अनुसार निर्माण एजेंसियों को 30 सितंबर से पहले सभी प्रमुख हाईवे और मार्गों का काम पूरा करना होगा। संबंधित विभागों के अधिकारियों को हिदायत दी गई है कि वे तय डेडलाइन के भीतर पूरी गुणवत्ता के साथ गड्ढामुक्ति और मरम्मत का काम जमीन पर उतारें।
संपादक: प्रकाश सक्सेना • बुंदेलखंड खबर